मानव जीवन में ऐसी घटनाएँ घटती रहती रहती हैं जिसकी कोई कल्पना भी नही कर सकता | कुछ काम आदमी ऐसे करता हैं जिसके अंजाम के बारे में सोचता ही नहीं | मेरे अठी की बठी की ब्लॉग में इस बार मानव रिश्तों को शर्मसार कर देने वाली घटना का जिक्र है | ये घटना है गुजरात के (राजकोट) देवगाम की । यहां सगे मामा को उसकी पत्नी ने 12 वर्षीय भांजी का पाशविक बलात्कार करते हुए रंगे हाथों पकड़ा ।
महिला तारीफ के काबिल है जिसने पति परमेश्वर को ही सब कुछ नहीं माना और न्याय का साथ दिया | उसने अपने पति की भांजी का साथ दिया | इज्जत की खातिर बात को दबाया नहीं |
पत्नी ने इस कृत्य के लिए पति को माफ नहीं किया बल्कि उसने यह बात पूरे गांव और फिर पुलिस को बताई । मामी को भांजी ने बताया कि मामा उसके साथ पांच-पांच बार बलात्कार करता था। पुलिस के सामने रोती हुई पत्नी के बस यही शब्द थे..‘साहब, पकड़ लीजिए इसको, भांजी के साथ हवस का गंदा खेल खेलता रहा यह पिशाच।’
रमेश मेलाभाई राठौड़ (35) नामक यह शख्स मूल वडोदरा का है, जो पिछले कुछ सालों से देवगाम में पत्नी के साथ रह रहा था। रमेश व उसकी पत्नी धर्मिष्ठा रमेश की बहन से उसकी 3 वर्षीय बच्ची अपने पास ले आए और उसके पढ़ाने-लिखाने से लेकर हरेक जिम्मेदारी पूरी करने का बहन से वादा किया था।
इस घर में धर्मिष्ठा ने बच्ची को अपनी बेटी की ही तरह पाला तो बच्ची के लिए भी यह घर उसका बन गया। लेकिन धीरे-धीरे बच्ची की उम्र बढ़ती गई और अब वह 12 वर्ष की हो चुकी थी। इसी बीच रमेश की गंदी नजर उस पर पड़ी । कुछ दिन पहले पत्नी की अनुपस्थिति में हवस में अंधे हो चुके रमेश ने उससे बलात्कार किया |
यह कृत्य करने से पहले और बाद में भी रमेश ने यह नहीं सोचा कि फूल सी वह बच्ची उसकी सगी भांजी है। मासूम बच्ची, जो अपने मामा को पिता मानती थी, कुछ समझ न सकी बस उसके मन में अब अगर कुछ था तो सिर्फ खौफ। मामा ने भांजी को अपनी हवस का शिकार बनाने के बाद उसे धमकी भी दे दी कि वह यह बात किसी को न बताए, नहीं तो वह उसे जान से मार देगा।
डर से थरथराती बच्ची यह बात अपनी मामी से भी कह न सकी। लेकिन उस पर जुल्म और यातना की अब शुरुआत हो चुकी थी। इसके बाद बलात्कार का कृत्य नित्यक्रम बन गया। मामा प्रतिदिन बच्ची के शरीर को नोंचने की फिराक में रहने लगा। किसी-किसी दिन तो उसने बच्ची के साथ पांच-पांच बार बलात्कार किया।
जो बच्ची दिन भर घर और बाहर दौड़ती-भागती मस्ती करती रहती थी, लेकिन अब वह मानसिक व शारीरिक रूप से इतनी टूट चुकी थी कि हर समय डरी-सहमी सी रहती थी। दो दिन पहले भी रमेश अपनी हवस की भूख मिटाने बच्ची को खेत में ले गया जहां भूसे के ढेर के पीछे उसने बच्ची का बलात्कार किया। लेकिन उसकी सिसकती हुई आवाज धर्मिष्ठा (मामी) ने सुन ली और वह दौड़ी हुई यहां आ पहुंची। बच्ची और मामा नग्न अवस्था में थे। बच्ची, मामी को देखते ही उससे लिपटकर सहम गई।
यह देख धर्मिष्ठा के पैरों से जमीन ही खिसक गई, वह बच्ची को लेकर सीधे गांववालों के पास पहुंच गई और पूरी घटना उन्हें बताई। गांववालों ने रमेश को पकड़ लिया और पुलिस के हवाले कर दिया। इसके साथ ही पत्नी धर्मिष्ठा ने पुलिस को भी यह सारी बात बता दी। पुलिस के सामने रोती हुई पत्नी के बस यही शब्द थे..‘साहब, पकड़ लीजिए इसको, भांजी के साथ हवस का गंदा खेल खेलता रहा यह पिशाच।’ बच्ची के अनुसार मामा पिछले 6-7 दिनों से उसका बलात्कार कर रहा था।
ऐसी घटनाएँ रोज घटती है लेकिन कुछ ही सब के सामने आ पाती है | ये केवल न्यूज मात्र नहीं है ये हमें अहसास करवा रही है कि समाज के कुछ लोगों की गन्दी हरकतों के कारण समाज गर्त में जा रहा है | हम किसी पर विश्वास नहीं करें, क्या वो समय आ गया है ? सोचिए ???
ऐसी घटनाएँ रोज घटती है लेकिन कुछ ही सब के सामने आ पाती है | ये केवल न्यूज मात्र नहीं है ये हमें अहसास करवा रही है कि समाज के कुछ लोगों की गन्दी हरकतों के कारण समाज गर्त में जा रहा है | हम किसी पर विश्वास नहीं करें, क्या वो समय आ गया है ? सोचिए ???